Tuesday, June 4, 2019

हमसफ़र

मेरा दर्द मेरी आँखों से जान जाते तुम।
मेरे महबूब,हमसफ़र न बन जाते तुम।।-VAIBHAVRV

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 कुछ मुझ सा ही मुझमे रहता है। कौन हूँ मै बस रोज यही कहता है।।- वैभव रश्मि वर्मा