Tuesday, January 14, 2020

सुनो

सुनो!!!
क्या आज उससे करदूँ अपने प्यार का इज़हार।
हाँ वही जो मिलती है तुम्हे रोज़ उस आईने के पार।।
जिसके कंगन और झुमके का रंग एक रखने का तुम करते हो घंटो बैठ के काम।
वो जिसकी आँखे है मेरे लिए करती शराब सा काम।।
हाँ वो वही लड़की जिसको तुम करती हो खुद के जितना प्यार।
मैं बस बिताना चाहता हूँ ज़िन्दगी थाम के अपने हाथों में उसका हाथ।
कहो तो करदूँ अपने प्यार का इज़हार।।- VAIBHAV RASHMI VERMA
©merelafzonse

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 कुछ मुझ सा ही मुझमे रहता है। कौन हूँ मै बस रोज यही कहता है।।- वैभव रश्मि वर्मा