हिंदी शायरी, हिंदी कहानी, स्वरचित रचना
मिल गई नजरे जो मेरी तो खता हो गई मर मिटे जिसपे वो बेवफा हो गई थी जिसमे बसी मेरी ज़िंदगी हर साँस वो न जाने कहां खो गई-VAIBHAVRV
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