हिंदी शायरी, हिंदी कहानी, स्वरचित रचना
दर्द अब अपना आंखों से छलकने दीजिये बेशक़ हो बेवफ़ा दुनिया पर मोहब्बत तो कीजिये देके खुशियां किसी अनजान को पहचान थोड़ी कीजिये आईना बन जाएगी आँखे उसकी बस एक बार नज़र मिलाकर इज़हार इश्क़ का कीजिये -VAIBHAVRV
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